देवरिया, उत्तर प्रदेश – Bhatni नगर पंचायत के रामपुर खुरहुरिया वार्ड नंबर 07 में पोखरी सुंदरीकरण के नाम पर हुए घोटाले ने स्थानीय लोगों की नाराजगी को चरम पर पहुँचाया है। 30 लाख रुपये की राशि के खर्च का मामला सामने आने के बाद जिलाधिकारी (DM) की सख्ती के बाद जांच शुरू हुई।
जांच के लिए उपजिलाधिकारी (ADM), सहायक अभियंता (AE) और जूनियर अभियंता (JE) मौके पर पहुंचे, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि जांच दल के व्यवहार और कार्यप्रणाली से उन्हें संतुष्टि नहीं मिली। स्थानीय लोग आरोप लगा रहे हैं कि प्रशासन भ्रष्ट अधिकारियों की रक्षा में लगा है।
Bhatni ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
“हमने खुद यह काम कराया था और हमारी मेहनत और पैसे का हिसाब माँगना हमारा हक है। जांच करने आए अधिकारी यहाँ दिखे, लेकिन हमारे सवालों का कोई ठोस जवाब नहीं मिला,” एक स्थानीय निवासी ने गुस्से में कहा।
ग्रामीणों ने बताया कि DM को लिखित शिकायत भेजी गई थी, जिसमें स्पष्ट रूप से कहा गया कि भुगतान कार्य के अनुपात में नहीं हुआ है। इसके बावजूद, मौके पर पहुंची टीम से उनकी उम्मीदें पूरी नहीं हुईं।
घटना का भावनात्मक पहलू:
स्थानीय लोगों में रोष और हताशा दोनों हैं। “हम अपने गाँव के विकास के लिए मेहनत करते हैं, और ऐसे घोटाले हमारे सपनों पर पानी फेर देते हैं,” एक बुजुर्ग ने कहा
जांच की दिशा:
DM ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की शुरुआत करवाई है, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन को भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों के खिलाफ ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।
अगले कदम:
Bhatni नगर पंचायत के रामपुर खुरहुरिया वार्ड 07 के लोग अब उच्च अधिकारियों से सीधे कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। उनका जोर है कि इस मामले में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हो।
निष्कर्ष:
Bhatni पोखरी सुंदरीकरण के नाम पर हुए 30 लाख रुपये के घोटाले ने सिर्फ वित्तीय नुकसान नहीं किया, बल्कि ग्रामीणों में प्रशासन पर विश्वास की कमी भी बढ़ा दी है। अब सबकी निगाहें DM और जांच टीम पर टिकी हैं, कि वे इस मामले में न्याय और जवाबदेही सुनिश्चित करेंगे





